रिस्पेक्ट सीनियर केयर राइडर: 9152007550 (मिस्ड कॉल)

सेल्स: 1800-209-0144| सर्विस: 1800-209-5858 सर्विस चैट: +91 75072 45858

अंग्रेजी

Claim Assistance
Get In Touch
Types of Health Insurance
11 मार्च, 2022

भारत में हेल्थ इंश्योरेंस के प्रकार

सेहत से जुड़ी समस्याएं बढ़ने के साथ-साथ इलाज भी बहुत महंगा हो गया है. साथ ही, हेल्थ इंश्योरेंस प्लान की मांग भी बढ़ी है. मार्केट में ऐसी कई प्रकार की हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी हैं, जो आपकी जेब पर पड़ने वाले एक्स्ट्रा बोझ को कम करने में आपकी मदद करती हैं. ये न केवल आपको अपनी सेहत से जुड़ी समस्याओं का सबसे अच्छा इलाज ढूंढ़ने में मदद करती हैं, बल्कि खर्च के मामले में भी आपको तनाव से बचाती हैं. सही इंश्योरेंस प्लान खरीदना थोड़ा मुश्किल हो सकता है, क्योंकि भारत में बहुत प्रकार के हेल्थ इंश्योरेंस प्लान उपलब्ध हैं. आपकी मदद के लिए, हमने सभी 11 प्रकार के प्लान बताए हैं और हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी के सारे अहम बातों की जानकारी दी है, ताकि आप अपने लिए सबसे अच्छा प्लान खरीद सकें.  
हेल्थ इंश्योरेंस प्लांस के प्रकार इनके लिए उपयुक्त
इंडिविजुअल हेल्थ इंश्योरेंस इंडिविजुअल
फैमिली हेल्थ इंश्योरेंस पूरा परिवार - खुद, पति/पत्नी, बच्चे और माता-पिता
क्रिटिकल इलनेस इंश्योरेंस महंगे इलाज के लिए उपयोगी
सीनियर सिटीज़न हेल्थ इंश्योरेंस 65 वर्ष या इससे अधिक आयु के नागरिकों के लिए
टॉप अप हेल्थ इंश्योरेंस यह इंश्योरेंस प्लान तब फायदेमंद होता है, जब मौजूदा पॉलिसी का सम इंश्योर्ड खत्म हो गया हो.
हॉस्पिटल डेली कैश हॉस्पिटल के रोज़मर्रा के खर्चे
पर्सनल एक्सीडेंट इंश्योरेंस मालिक या ड्राइवर को किसी भी नुकसान या क्षति के मामले में इसका इस्तेमाल हो सकता है.
मेडिक्लेम इन-पेशेंट खर्चे
ग्रुप हेल्थ इंश्योरेंस कर्मचारियों के समूह के लिए
विशेष बीमारी (एम-केयर, कोरोना कवच आदि) उन लोगों के लिए सही है, जो महामारी से पैदा हुई स्थितियों से ग्रस्त हैं या जिनकी ऐसी स्थितियों से ग्रस्त होने की अधिक संभावना है.
यूलिप इंश्योरेंस और इन्वेस्टमेंट का दोहरा फायदा

भारत में उपलब्ध विभिन्न प्रकार के हेल्थ इंश्योरेंस

इंडिविजुअल हेल्थ इंश्योरेंस

एक इंडिविजुअल हेल्थ इंश्योरेंस प्लान is meant for a single person. As the name suggests, it can be bought by a single individual. The individual who gets himself insured with this plan is compensated for the expenses incurred for illness and medical expenses. Such types of medical insurance plan cover all the hospitalisation, surgical, pre and post medication expenditures till the insured limit is reached. The premium of the plan is decided on the basis of the buyer’s age and medical history. Moreover, the insured individual can cover his spouse, his children, and parents, too by paying an extra premium under the same plan. However, if you get insured for any existing illness, there is a waiting period of 2-3 years for claiming the benefits.

फैमिली हेल्थ इंश्योरेंस

फैमिली हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी, जो फैमिली फ्लोटर प्लान के नाम से लोकप्रिय है, आपके पूरे परिवार को एक ही कवर के तहत सुरक्षा देती है. फैमिली हेल्थ इंश्योरेंस प्लान्स में पति/पत्नी, बच्चों और बुज़ुर्गों समेत आपके परिवार के सभी सदस्यों को कवर किया जाता है. परिवार के केवल एक सदस्य को प्रीमियम चुकाना होता है, और एक प्रीमियम से पूरे परिवार को इंश्योरेंस मिल जाता है. अगर परिवार के दो सदस्य एक साथ इलाज करा रहे हैं, तो आप दोनों के लिए निर्धारित लिमिट तक इंश्योरेंस क्लेम कर सकते हैं. प्रीमियम, प्लान में कवर किए जाने वाले सबसे बड़े सदस्य की आयु से तय होता है. इसलिए अपने फैमिली हेल्थ इंश्योरेंस प्लान में 60 वर्ष से अधिक के सदस्यों को जोड़ने से बचें, क्योंकि उनके बीमार होने की संभावना अधिक होती है, और इसका प्रभाव प्रीमियम पर पड़ेगा.

क्रिटिकल इलनेस इंश्योरेंस

क्रिटिकल इलनेस इंश्योरेंस प्लान जानलेवा बीमारियों के लिए एकमुश्त राशि देकर व्यक्ति को इंश्योर करता है. इंश्योरेंस खरीदते समय, सेहत से जुड़ी चुनी गई समस्याएं शामिल की जाती हैं, और पहले से चुनी गई किसी भी समस्या से प्रभावित होने पर आप अपना इंश्योरेंस क्लेम कर सकते हैं. इस प्रकार की इंश्योरेंस पॉलिसी के तहत क्लेम फाइल करने के लिए हॉस्पिटल में भर्ती होना ज़रूरी नहीं है. बीमारी की पहचान पर आप क्रिटिकल इलनेस इंश्योरेंस. के लाभ के लिए पात्र होते हैं. चुकाई जाने वाली राशि पहले से तय होती है, फिर चाहे हॉस्पिटल में भर्ती होने से पहले और बाद के खर्चे कितने भी हों. क्रिटिकल इलनेस इंश्योरेंस में कवर होने वाली सारी गंभीर बीमारियों की लिस्ट नीचे है.
  • मेजर ऑर्गन ट्रांसप्लांट
  • कैंसर
  • एओर्टा ग्राफ्ट सर्जरी
  • किडनी फेलियर
  • स्ट्रोक
  • मल्टीपल स्क्लेरोसिस
  • लकवा
  • पहला हार्ट अटैक
  • कोरोनरी धमनी की बाईपास सर्जरी
  • प्राइमरी पल्मोनरी आर्टेरिअल हाइपरटेंशन

सीनियर सिटीज़न हेल्थ इंश्योरेंस

As indicated by the name, such भारत में हेल्थ इंश्योरेंस के प्रकार 65 वर्ष या उससे अधिक आयु के लोगों को कवरेज प्रदान करता है. इसलिए अगर आप अपने माता-पिता, दादा-दादी या नाना-नानी के लिए इंश्योरेंस पॉलिसी खरीदने की सोच रहे हैं, तो यह आपके लिए सबसे अच्छी इंश्योरेंस पॉलिसी है. इस सीनियर सिटीज़न हेल्थ इंश्योरेंस will offer you coverage for the cost of hospitalisation and medicines, whether it arises from a health issue or any accident. It covers hospitalisation expenses and post-treatment costs too. On top of this, some other benefits like Domiciliary Hospitalization and Psychiatric benefits are also being covered. The upper age limit has been marked at 70 years of age. Also, the insurer can ask for a complete body checkup before he sells the Senior Citizen Health Insurance. Moreover, the premium for this plan is comparatively higher as the senior citizens are more prone to illness.

टॉप अप हेल्थ इंश्योरेंस

An individual can buy the टॉप अप हेल्थ इंश्योरेंस plan if he seeks coverage for higher amounts. But there is a “Deductible Clause” added to this policy. Therefore, when the claim is made, the payment done is over and above the pre-defined limit that is mentioned in the policy. Moreover, there is also a Super Top-Up plan available for the individual. It provides additional coverage over the regular policy to increase the amount of sum insured. The सुपर टॉप-अप प्लान can only be used once the insured sum of the regular policy gets exhausted.

हॉस्पिटल डेली कैश

कई प्रकार की हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी हैं, जो बिल्कुल नया समाधान प्रदान करती हैं, जिसमें से एक हॉस्पिटल डेली कैश है. अगर आपको इंश्योरेंस पॉलिसी खरीदने में असुरक्षा महसूस होती है, तो आपको यह प्लान लेना चाहिए और जानना चाहिए कि ये हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी कैसे काम करती हैं. यह प्लान हॉस्पिटल में भर्ती रहने के दौरान अचानक हुए खर्चों से आपको बचाने में आपकी मदद कर सकता है. व्यक्ति के हॉस्पिटल में भर्ती हो जाने के बाद, हॉस्पिटल के रोज़मर्रा के खर्चे तय नहीं होते, और वे स्थिति के अनुसार बदलते रहते हैं. ऐसे में हॉस्पिटल डेली कैश व्यक्ति के लिए सबसे अच्छा रहता है. इस प्लान में, इंश्योरेंस के समय चुनी गई कवरेज राशि के अनुसार व्यक्ति को रु. 500 से रु.10,000 तक का दैनिक कैश लाभ मिलता है. अगर व्यक्ति सात से अधिक दिनों तक हॉस्पिटल में भर्ती रहता है, तो कुछ प्लान में आरोग्यलाभ भी प्रदान किए जाते हैं. दूसरे एड-ऑन में अभिभावकों के ठहरने की व्यवस्था और वेलनेस कोचिंग भी शामिल हैं.

पर्सनल एक्सीडेंट इंश्योरेंस

साल-दर-साल सड़क दुर्घटनाएं बढ़ती जा रही हैं, और यही कारण है कि आज भारत में नागरिकों की सुरक्षा के लिए कुछ खास प्रकार के हेल्थ इंश्योरेंस उपलब्ध हैं. दुर्घटनाओं में लोग अपनी जान से हाथ धो बैठते हैं या अशक्त हो जाते हैं, और ऐसे में इलाज के खर्चे उठाना थोड़ा भारी पड़ सकता है. इसलिए पर्सनल एक्सीडेंट इंश्योरेंस पॉलिसी लेने में समझदारी है. यह पॉलिसी दुर्घटना का शिकार हुए इंसान या उसके परिवार को मदद के तौर पर एकमुश्त राशि प्रदान करती है. कुछ प्लान बच्चों के खर्च कवर करने के लिए शिक्षा लाभ और अनाथ लाभ भी प्रदान करते हैं. साथ ही, बजाज आलियांज़ पर्सनल एक्सीडेंट प्लान के साथ अस्थायी पूर्ण अशक्तता, सहायता सेवा, विश्वव्यापी आपात स्थिति और इन-पेशेंट हॉस्पिटलाइज़ेशन जैसी एड-ऑन कवरेज भी देता है. साथ ही, अगर इंश्योर्ड व्यक्ति के साथ कोई दुर्घटना होती है और उस पर कोई लोन बाकी है, तो उसे भी इंश्योरेंस कंपनी संभालती है.

मेडिक्लेम

बीमारियां और दुर्घटनाएं पहले से बताकर नहीं आती हैं. इनमें से किसी भी कारण से हॉस्पिटल में भर्ती होने पर व्यक्ति को जो खर्चे उठाने होते हैं, उनके मामले में भी यही बात लागू होती है. इसलिए व्यक्ति को मेडिक्लेम पॉलिसी खरीदनी चाहिए. मेडिक्लेम पॉलिसी किसी भी बीमारी और दुर्घटना के मामले में आपके हॉस्पिटलाइज़ेशन के खर्चों की भरपाई सुनिश्चित करती है. यह इन-पेशेंट खर्चों को कवर करती है, जिसमें सर्जरी का खर्च, डॉक्टर की फीस, नर्सिंग शुल्क, ऑक्सीजन और एनेस्थीसिया शामिल हैं. मार्केट में कई प्रकार की मेडिक्लेम पॉलिसी हैं, जैसे ग्रुप मेडिक्लेम, इंडिविजुअल मेडिकल इंश्योरेंस, ओवरसीज़ मेडिकल इंश्योरेंस आदि.

ग्रुप हेल्थ इंश्योरेंस

ग्रुप हेल्थ इंश्योरेंस इन दिनों ट्रेंड कर रहे चर्चित हेल्थ इंश्योरेंस प्लान में से एक है. कई मध्यम और बड़ी कंपनियां अपने कर्मचारियों को यह इंश्योरेंस पॉलिसी दे रही हैं. इस प्रकार का हेल्थ इंश्योरेंस कंपनी का नियोक्ता अपने कर्मचारियों के लिए खरीदता है. इस पॉलिसी का प्रीमियम इंडिविजुअल हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी से कम होता है. इसे कंपनी में फाइनेंशियल संकट से निपटने के लिए एहतियाती तौर पर कर्मचारियों के समूह को दिया जाता है.

विशेष बीमारी (एम-केयर, कोरोना कवच आदि)

आजकल लोग बहुत सी बीमारियों से आसानी से इन्फेक्टेड हो जाते हैं, और कोविड-19 उनमें से एक है. ऐसे इन्फेक्शन का इलाज आपकी जेब पर थोड़ा भारी पड़ सकता है. इसलिए, बजाज आलियांज़ ने बीमारियों के हिसाब से कुछ खास इंश्योरेंस पॉलिसी पेश की हैं, ताकि लोग आसानी से इलाज करा सकें. आपको सेहत से जुड़ी ऐसी गंभीर समस्याओं में मदद करने वाली हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी खरीदने के बारे में ज़रूर सोचना चाहिए. बीमारी के लिए बनी विशेष पॉलिसी, स्थिति-आधारित मेडिकल इंश्योरेंस पॉलिसी की तरह की पॉलिसी होती है, जो कुछ खास बीमारियों को कवर करती है. ऐसी ही इंश्योरेंस पॉलिसी में से एक है कोरोना कवच, जो इंश्योर्ड व्यक्ति को रु. 50,000 से रु. 5,00,000 तक का फंड देती है. इसमें आयु सीमा 18 से 65 तक है. यह फैमिली फ्लोटर प्रकार की पॉलिसी है. अगर एम-केयर हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी के बारे में बात करें, तो यह मच्छरों से फैलने वाली बीमारियों के लिए इंश्योर्ड व्यक्ति को सुरक्षा प्रदान करती है. मच्छरों से कई बीमारियां फैलती हैं, जैसे डेंगू बुखार, मलेरिया, चिकनगुनिया, ज़ीका वायरस आदि. एम-केयर आपको इन बीमारियों के लिए कवरेज देती है.

यूलिप

यूलिप का पूरा नाम है यूनिट लिंक्ड इंश्योरेंस प्लान है. इन प्लान में आपके प्रीमियम का एक हिस्सा इन्वेस्ट किया जाता है, और बाकी हिस्से से हेल्थ कवर खरीदे जाते हैं. इस तरह, यह प्लान आपका सेफ्टी नेट बनने के साथ-साथ रिटर्न कमाने में भी मदद देता है. इलाज और सेहत से जुड़ी दूसरी सुविधाएं लगातार महंगी हो रही हैं, जिससे आपकी बचत कम पड़ सकती है. इसलिए, ज़्यादा पैसों का बंदोबस्त रखना हमेशा बेहतर होता है. यूलिप आपको किसी तय राशि की गारंटी नहीं देते, क्योंकि वे बाज़ार जोखिमों के अधीन होते हैं. और यूलिप से मिलने वाले रिटर्न पॉलिसी अवधि खत्म होने पर खरीदार को चुका दिए जाते हैं.

इन्डेम्निटी और फिक्स्ड बेनिफिट प्लान

इन्डेम्निटी

इन्डेम्निटी प्लान उस प्रकार के हेल्थ इंश्योरेंस प्लान हैं, जिनमें पॉलिसीधारक हॉस्पिटल के खर्चे एक तय सीमा तक क्लेम कर सकता है. पॉलिसीधारक राशि की अधिकतम सीमा तक कई क्लेम कर सकता है. आपकी इंश्योरेंस कंपनी दो तरीकों से आपको आपके मेडिकल खर्चों की भरपाई देती है:
  1. रीइम्बर्समेंट सुविधा- इसमें बिल का भुगतान पहले आप करते हैं, और फिर इंश्योरेंस कंपनी आपको उन बिल की भरपाई कर देती है.
  2. कैशलेस सुविधा- इसमें आपको किसी भी बिल का भुगतान नहीं करना होता है, क्योंकि इंश्योरेंस कंपनी सीधे हॉस्पिटल को बिल चुका देती है.
इन्डेम्निटी प्लान की कैटेगरी में निम्न प्रकार की मेडिकल इंश्योरेंस पॉलिसी आती हैं:

फिक्स्ड बेनिफिट

फिक्स्ड बेनेफिट में आपको दुर्घटनाओं या बीमारी के कारण हुई सेहत से जुड़ी कुछ खास समस्याओं के लिए एक तय धनराशि मिलती है. यह प्लान सेहत से जुड़ी वे समस्याएं कवर करता है, जो पॉलिसी खरीदते समय लिस्ट में थीं. फिक्स्ड बेनेफिट के तहत निम्न लोकप्रिय हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी आती हैं;
  • पर्सनल एक्सीडेंट प्लान
  • क्रिटिकल इलनेस प्लान
  • हॉस्पिटल कैश प्लान

हेल्थ इंश्योरेंस महत्वपूर्ण क्यों है?

  • फाइनेंशियल सहायता - हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी किसी भी प्रकार की मेडिकल एमरजेंसी के दौरान इंश्योर्ड व्यक्तियों को फाइनेंशियल सहायता देती है.
  • टैक्स लाभ - हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी खरीदने से आपको टैक्स कटौतियों में मदद मिलेगी, क्योंकि यह इनकम टैक्स एक्ट के सेक्शन 80D के तहत आती है.
  • इन्वेस्टमेंट के साथ-साथ सेविंग - जब आप हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी खरीद लेते हैं, तो इलाज के खर्चों की चिंता खत्म हो जाती है. ऐसा इसलिए है, क्योंकि तब खर्चे इंश्योरेंस कंपनी कवर करती है.
  • वार्षिक हेल्थ चेकअप - बजाज आलियांज़ आपको वार्षिक हेल्थ चेक-अप का लाभ देता है. इसमें, इंश्योर्ड व्यक्ति के वार्षिक हेल्थ चेक-अप में होने वाले खर्चे कंपनी उठाती है.
  • महंगे होते इलाज से सुरक्षा - हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी में इन्वेस्ट करने से आपको महंगे होते इलाज से खुद को सुरक्षित रखने में मदद मिलेगी, वह भी अपनी जेब पर बोझ डाले बिना.
  • मुश्किल सर्जरी कवर करती है - हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी बेरियाट्रिक सर्जरी जैसी मुश्किल सर्जरी के लिए कवरेज लाभ देती है.
  • अंग दाताओं के लिए लाभ - अंगदान के समय हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी खरीदने से कवरेज का लाभ मिलेगा. यह सम इंश्योर्ड तक के लिए कवरेज देती है.
  • वैकल्पिक इलाज के लिए कवरेज - जब आप बजाज आलियांज़ से हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी खरीदते हैं तो हम आपको आयुर्वेद, होम्योपैथी और योग जैसे वैकल्पिक इलाज की कवरेज भी ऑफर करते हैं.

हेल्थ इंश्योरेंस खरीदते समय ध्यान रखने लायक चीज़ें

डिडक्टिबल किसी भी किस्म की हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी खरीदने से पहले उस पॉलिसी में शामिल डिडक्टिबल पर नज़र डालना ज़रूरी होता है. डिडक्टिबिल एक ऐसी राशि है, जिसे इंश्योर्ड व्यक्ति क्लेम करने पर अपनी तरफ से क्लेम के हिस्से के रूप में चुकाता है, और बाकी राशि इंश्योरेंस कंपनी चुकाती है. आपकी आयु आपको अपने या परिवार के सदस्यों के लिए हेल्थ इंश्योरेंस प्लान खरीदते समय आयु का महत्व समझना होगा. ऐसे कई प्लान हैं, जो खरीदार की आयु पर निर्भर करते हैं और प्लान के प्रीमियम, प्रतीक्षा अवधियां और रिन्यू होने की संभावना भी भूमिका निभाते हैं. परिवार के सदस्यों की मेडिकल हिस्ट्री हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी खरीदते समय परिवार के सदस्यों की मेडिकल हिस्ट्री का ध्यान में रखें और उसके बारे में बताएं, क्योंकि उससे पॉलिसी का प्रीमियम प्रभावित हो सकता है. अगर परिवार के किसी भी सदस्य को पहले से ही कोई सेहत से जुड़ी समस्या हो रही है, तो इंश्योरेंस क्लेम करने की संभावना बढ़ जाती है. पॉलिसी में शामिल नहीं पॉलिसी में एक्सक्लूज़न, यानि कवरेज से बाहर रखी जाने वाली चीज़ें एक ऐसा नियम है, जो कुछ जोखिम के लिए कवरेज खत्म कर देता है. अधिकतर हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी में कुछ सामान्य एक्सक्लूज़न होते हैं, जैसे पहले से मौजूद बीमारियां, गर्भावस्था, कॉस्मेटिक इलाज, चोटों के इलाज के मेडिकल खर्चे, वैकल्पिक इलाज, लाइफस्टाइल से जुड़ी बीमारियां, हॉस्पिटल के खर्चों संबंधी लिमिट, और डाइग्नोस्टिक टेस्ट. इसलिए खरीदार को कोई भी हेल्थ इंश्योरेंस खरीदते समय इंश्योरेंस कंपनी से इन एक्सक्लूज़न के बारे में जानकारी लेनी चाहिए. सम अश्योर्ड/इंश्योर्ड सम अश्योर्ड का अर्थ उस धनराशि से है जो इंश्योरेंस खत्म होने पर इंश्योर्ड व्यक्ति को मिलती है. सम इंश्योर्ड वह राशि है जो मेडिकल एमरजेंसी, चोरी, वाहन के नुकसान आदि जैसी अचानक हुई घटनाओं में इंश्योर्ड व्यक्ति को दी जाती है. प्रतीक्षा अवधि हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी के मामले में, प्रतीक्षा अवधि का मतलब है कि आपको अपनी इंश्योरेंस पॉलिसी के लाभ पाने के लिए कितने समय रुकना होता है. प्रतीक्षा अवधि अलग-अलग प्लान में अलग-अलग होती है. लाइफटाइम रिन्यूअबिलिटी कुछ हेल्थ इंश्योरेंस प्लान को रिन्यू किया जा सकता है और कुछ को नहीं. इसलिए खरीदने से पहले अपने या अपने परिवार के सदस्य के लिए इस बात का ध्यान रखें. नेटवर्क हॉस्पिटल कोई भी इंश्योरेंस पॉलिसी खरीदते समय खरीदार को वह इंश्योरेंस कंपनी चुननी चाहिए, जिसकी लिस्ट में सबसे ज़्यादा हॉस्पिटल का नेटवर्क हो. क्लेम सेटलमेंट रेशियो आप वह इंश्योरेंस कंपनी चुनें, जिसका क्लेम सेटलमेंट रेशियो बेहतर हो.

संक्षेप में

इलाज की लागत लगातार बढ़ रही है, जिसे देखते हुए लोगों के लिए यह ज़रूरी हो गया है कि आप अपने लिए और अपने परिवार के सदस्यों के लिए हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी खरीदें. बजाज आलियांज़ भारत में कम्प्रीहेंसिव हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी प्रदान करता है, जिनमें हर बीमारी, समस्या और घटनाओं को कवर किया जाता हैं. इसलिए आप समय निकालकर हेल्थ इंश्योरेंस क्या है  और मार्केट में उपलब्ध सभी तरह की हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी के बारे में जानकारी हासिल करें. सभी इंश्योरेंस कंपनियों और उनके नियमों व शर्तों की तुलना करें. कई व्यक्तियों की यह शिकायत होती है कि उनको प्रीमियम की तुलना में कम लाभ मिला. ऐसा तब होता है, जब व्यक्ति सभी इंश्योरेंस प्लान और कंपनियों के बारे में ज़रूरी जानकारी नहीं लेता है. इसलिए आप सभी मेडिकल इंश्योरेंस पॉलिसी के बारे में पूरी जानकारी पाएं, ताकि आप अपने लिए सही प्लान चुन सकें.   *मानक नियम व शर्तें लागू बीमा आग्रह की विषयवस्तु है. लाभों, शामिल न की गई चीज़ों, सीमाओं, नियम और शर्तों के बारे में अधिक जानकारी के लिए, कृपया इंश्योरेंस खरीदने से पहले सेल्स ब्रोशर/पॉलिसी डॉक्यूमेंट को ध्यान से पढ़ें.

क्या आपको इस आर्टिकल से मदद मिली? इसे रेटिंग दें

औसत रेटिंग 5 / 5 वोटों की संख्या: 18

अभी तक कोई वोट नहीं मिले! इस पोस्ट को सबसे पहली रेटिंग दें.

क्या आपको यह आर्टिकल पसंद आया?? इसे अपने दोस्तों के साथ शेयर करें!

अपने विचार शेयर करें. एक कमेंट लिखें!

कृपया अपना जवाब दें

आपकी ईमेल आईडी प्रकाशित नहीं की जाएगी. सभी फील्ड आवश्यक हैं